ग्रामीण भारत न्यूज -ब्यरो रिपोर्ट
*रायगढ़, 21 जुलाई 2026* : छत्तीसगढ़ के रायगढ़ जिले में लगातार हो रही बारिश के कारण केलो डैम का जलस्तर तेजी से बढ़ गया है। स्थिति को नियंत्रित करने के लिए सिंचाई विभाग ने सोमवार 21 जुलाई 2026 को डैम के कुल 8 गेटों में से 4 गेट खोल दिए हैं। हर गेट को 25-25 सेंटीमीटर तक खोला गया है। डैम से पानी छोड़े जाने के बाद केलो नदी उफान पर है और रायगढ़ शहर के निचले इलाकों में पानी भरने लगा है।
प्रशासन ने नदी किनारे रहने वाले लोगों को अलर्ट कर दिया है। नगर निगम और जिला प्रशासन की टीम मौके पर कैंप कर रही है।
*कितना है डैम का जलस्तर*
सिंचाई विभाग के अनुसार केलो डैम की अधिकतम जलभराव क्षमता 233.00 मीटर है। 21 जुलाई की सुबह डैम का जलस्तर 230 मीटर तक पहुंच गया था। ऊपरी इलाकों में पिछले 24 घंटे में 2.6 इंच तक बारिश रिकॉर्ड की गई है। इसी वजह से डैम में पानी की आवक बढ़ गई।
अगर पानी नहीं छोड़ा जाता तो डैम के खतरे के निशान तक पहुंचने का डर था। इसलिए एहतियात के तौर पर सुबह 10 बजे 4 गेट खोले गए।
*क्यों खोले गए 4 गेट*
केलो डैम रायगढ़ शहर का मुख्य पेयजल स्रोत है। साथ ही इससे आसपास के 80 गांवों की सिंचाई भी होती है। मानसून में हर साल डैम का पानी बढ़ता है। इस बार जुलाई के पहले सप्ताह से ही लगातार बारिश हो रही है।
सिंचाई विभाग के एसडीओ ने बताया कि नियम के अनुसार जब जलस्तर 229 मीटर से ऊपर जाता है तो गेट खोलने की प्रक्रिया शुरू की जाती है। अभी 230 मीटर जलस्तर है इसलिए 4 गेट 25 सेंटीमीटर खोले गए हैं। इससे प्रति सेकंड करीब 800 क्यूसेक पानी की निकासी हो रही है।
अगर बारिश और बढ़ी तो बाकी के 4 गेट भी खोले जा सकते हैं।
*केलो नदी उफान पर, चक्र पथ डूबा*
डैम से पानी छोड़े जाने के 2 घंटे बाद ही रायगढ़ शहर से गुजरने वाली केलो नदी का जलस्तर बढ़ गया। नदी का पानी चक्र पथ यानी Cycle Path तक आ गया है। शहर के निचले इलाके कोतरा रोड, मुक्तिधाम के पास और पुराने बस स्टैंड के पास जलभराव की खबर है।
स्थानीय लोगों ने बताया कि 18 जुलाई को भी डैम के गेट खोले गए थे। तब भी चक्र पथ डूब गया था। आज फिर वही स्थिति बन गई है।
*प्रशासन ने क्या इंतजाम किए*
1. *निगरानी:* जिला प्रशासन, नगर निगम और SDRF की टीम पूरे दिन नदी किनारे गश्त कर रही है।
2. *अपील:* कलेक्टर ने आम जनता और राहगीरों से रपटा पुल और नदी के पास न जाने की सख्त अपील की है। बच्चों को नदी के पास खेलने से मना किया गया है।
3. *अलर्ट:* नदी के तटीय गांव पुसौर, खरसिया और सारंगढ़ क्षेत्र के सरपंचों को सूचना दे दी गई है।
4. *हेल्पलाइन:* किसी भी आपात स्थिति के लिए 1077 और 112 नंबर जारी किए गए हैं।
नगर निगम ने पंप लगाकर निचले इलाकों से पानी निकालने का काम शुरू कर दिया है।
*किसानों और आम जनता पर असर*
केलो डैम से निकलने वाला पानी सीधे केलो नदी में जाता है। नदी किनारे खेती करने वाले किसानों को फायदा भी है और नुकसान भी। पानी मिलने से धान की रोपाई में तेजी आएगी। लेकिन ज्यादा पानी आने से नदी किनारे की सब्जी फसल खराब हो सकती है।
रायगढ़ के व्यापारी संजय अग्रवाल ने कहा कि हर साल 2-3 बार चक्र पथ डूबता है। इससे शहर का ट्रैफिक 2 घंटे जाम हो जाता है। प्रशासन को स्थायी समाधान निकालना चाहिए।
*पिछले साल की तुलना में स्थिति*
पिछले साल 2025 में 25 जुलाई को केलो डैम के 6 गेट खोले गए थे। तब जलस्तर 231.5 मीटर तक चला गया था। इस साल अभी 21 जुलाई को ही 230 मीटर हो गया है। इसका मतलब है इस बार मानसून जल्दी सक्रिय हुआ है।
मौसम विभाग ने अगले 48 घंटे तक रायगढ़ में भारी बारिश का येलो अलर्ट जारी किया है।
*केलो डैम के बारे में जरूरी जानकारी*
केलो डैम रायगढ़ शहर से 8 किमी दूर स्थित है। ये 2008 में बना था। इसकी कुल लंबाई 1200 मीटर और ऊंचाई 33 मीटर है। डैम में 8 रेडियल गेट लगे हैं। ये रायगढ़ की 60 प्रतिशत आबादी को पीने का पानी देता है।
डैम का नाम केलो नदी के नाम पर पड़ा है। केलो नदी महानदी की सहायक नदी है।
*आम लोगों के लिए 5 जरूरी निर्देश*
1. नदी, रपटा पुल और चक्र पथ पर सेल्फी और वीडियो बनाने न जाएं।
2. घर में जरूरी दवाइयां और टॉर्च रखें।
3. अफवाहों पर ध्यान न दें। सिर्फ प्रशासन की सूचना मानें।
4. वाहन चलाते समय नदी के पास धीमी गति रखें।
5. किसी को खतरा दिखे तो तुरंत 112 पर सूचना दें।
*आगे कैसा रहेगा मौसम*
मौसम विभाग रायपुर के अनुसार 23 जुलाई तक रायगढ़ में रुक-रुक कर बारिश होगी। अगर ऊपरी क्षेत्र में 100mm से ज्यादा बारिश हुई तो डैम के और गेट खोले जाएंगे। सिंचाई विभाग ने कहा है कि स्थिति पर हर 2 घंटे में नजर रखी जा रही है।
*स्थानीय लोगों की राय*
पुसौर के किसान रामकुमार पटेल ने कहा कि पानी मिलेगा तो फसल अच्छी होगी। लेकिन नदी में नहाने वाले युवाओं को समझाना पड़ेगा।
रायगढ़ की सामाजिक कार्यकर्ता सीमा साहू ने कहा कि प्रशासन अलर्ट तो करता है लेकिन नदी किनारे अतिक्रमण हटाना जरूरी है।
*निष्कर्ष*
21 जुलाई 2026 को केलो डैम के 4 गेट खोलने के बाद रायगढ़ में सतर्कता बढ़ गई है। जलस्तर अभी नियंत्रण में है लेकिन लगातार बारिश से स्थिति बदल सकती है। जिला प्रशासन ने लोगों से शांति बनाए रखने और अफवाहों पर ध्यान न देने को कहा है।
`ग्रामीण भारत न्यूज` आगे भी केलो डैम और मौसम की हर अपडेट आप तक सबसे पहले पहुंचाता रहेगा।
—विनोद चौहान





















