घरघोड़ा। प्रकृति, संस्कृति, परंपरा और आपसी भाईचारे का प्रतीक माने जाने वाले करमा त्योहार को लेकर घरघोड़ा के झांपपारा, वार्ड क्रमांक 10 में उत्साह का माहौल है। करमा पर्व आदिवासी एवं लोक परंपराओं में विशेष महत्व रखता है। यह पर्व प्रकृति के प्रति आस्था, सामाजिक एकता, सुख-समृद्धि की कामना और अपनी समृद्ध सांस्कृतिक विरासत को संजोए रखने का संदेश देता है।

इसी सांस्कृतिक एवं धार्मिक भावना को आगे बढ़ाते हुए बाल समाज एवं महिला समिति, झांपपारा द्वारा मंगलवार, 22 सितंबर 2026 को करमा त्योहार के अवसर पर विशेष कार्यक्रम का आयोजन किया जा रहा है। आयोजन को लेकर समिति द्वारा तैयारियां जोर-शोर से की जा रही हैं।
🌺 सांसद एवं विधायक को दिया गया सादर निमंत्रण
करमा उत्सव को भव्य एवं गरिमामय बनाने के लिए आयोजन समिति की ओर से रायगढ़ लोकसभा सांसद श्री राधेश्याम राठिया जी एवं स्थानीय विधायक श्री राठिया जी को कार्यक्रम में शामिल होने के लिए सादर आमंत्रित किया गया है। जनप्रतिनिधियों की संभावित मौजूदगी से आयोजन को लेकर क्षेत्रवासियों में और भी उत्साह देखने को मिल रहा है।
🪔 पूजा-अर्चना से शुरू होगा कार्यक्रम, फिर होगा करमा भोज
आयोजन समिति के अनुसार कार्यक्रम की शुरुआत शाम 7 बजे से रात 9 बजे तक परघौनी, पूजा-अर्चना एवं प्रसाद वितरण के साथ होगी। इसके बाद रात 9 बजे से 10 बजे तक करमा भोज का आयोजन किया जाएगा, जिसमें समाजजन सामूहिक रूप से शामिल होंगे।
इसके पश्चात रात 10 बजे से करमदेव की कृपा तक सामूहिक करमा सेवा नृत्य का आयोजन किया जाएगा। पारंपरिक गीत-संगीत और करमा नृत्य के साथ पूरा वातावरण उत्सवमय होने की उम्मीद है।
🥁 गीत, संगीत और नृत्य से जीवंत होगी संस्कृति
करमा त्योहार केवल एक धार्मिक आयोजन नहीं, बल्कि लोक संस्कृति और सामाजिक एकता का जीवंत उत्सव भी है। सामूहिक गीत, पारंपरिक वाद्ययंत्र और करमा नृत्य के माध्यम से समाज अपनी सांस्कृतिक पहचान को नई पीढ़ी तक पहुंचाता है।
झांपपारा में आयोजित होने वाला यह कार्यक्रम भी इसी उद्देश्य के साथ संस्कृति और परंपरा को जीवंत रखने का प्रयास है। ऐसे आयोजन युवा पीढ़ी को अपनी जड़ों और लोक परंपराओं से जोड़ने के साथ-साथ आपसी प्रेम, सद्भाव, सहयोग और सामाजिक सहभागिता को मजबूत करने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाते हैं।
🙏 सपरिवार शामिल होने की अपील
बाल समाज एवं महिला समिति, झांपपारा की ओर से क्षेत्र के समस्त नागरिकों एवं समाजजनों से करमा त्योहार के इस पावन अवसर पर सपरिवार उपस्थित होकर कार्यक्रम की शोभा बढ़ाने की अपील की गई है। समिति ने सभी से मिल-जुलकर आयोजन को सफल बनाने तथा अपनी गौरवशाली पारंपरिक संस्कृति के संरक्षण एवं संवर्धन में सहभागी बनने का आग्रह किया है।
करमा के रंग में रंगेगा झांपपारा — परंपरा, आस्था और भाईचारे के साथ गूंजेगा करमा गीत और थिरकेगा पूरा समाज। 🌿🥁
संवाददाता:– विनोद कुमार चौहान
ग्रामीण भारत न्यूज रायगढ़




















